Hello दोस्तो, आज से रोजाना मध्यप्रदेश परीक्षा से सबंधित जानकारी यहाँ पर साँझा करूँगा अगर आपको किसी और Topic पर जानकारी चाहिए हो तो please Comment Box में अपने विचार साँझा करे |
Today Topic :- मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री

श्री रविशंकर शुक्ल
कार्यकाल :- 01.11.1956 से 31.12.1956
श्री रविशंकर शुक्ल स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और सी पी बरार के प्रथम मुख्यमंत्री थे।
इनका जन्म 2 अगस्त 1877 में मध्यप्रदेश के सागर जिले की रहली तहसील के गुड़ा ग्राम में हुआ था।
शुक्ल जी 1923 स्वराज पार्टी के सदस्य रहे थे। 1937 में प्रांतीय चुनाव में शिक्षा मंत्री बने थे। इन्होंने राष्ट्रीय योजना – “विद्यामंदिर योजना” की स्थापना की थी।
दिल्ली स्थित भारत के संसद भवन परिसर में रविशंकर शुक्ल की प्रतिम विद्यमान हैं।
छत्तीसगढ़ के रायपुर में स्थित विश्वविद्यालय का नाम पंडित रवि शंकर शुक्ल के नाम पर रखा गया है।
इनकी मृत्यु 31 दिसंबर 1956 को 79 वर्ष की उम्र में दिल्ली में हुआ था।

श्री भगवंत राव मंडलोई
कार्यकाल :- 01.01.1957 से 30.01.1957 (प्रथम कार्यकाल) 12.03.1962 से 29.09.1963 (द्वितीय कार्यकाल)
भगवंत राव मंडलोई जी का जन्म 15 दिसंबर 1892 को मध्यप्रदेश के खंडवा जिले में हुआ था।
मंडलोई जी स्वतंत्रता सेनानी और मध्य प्रांत ओर बरार से संविधान सभा के सदस्य थे। इन्हें स्वतंत्रता के बाद मध्यप्रदेश का मुख्यमंत्री के रूप में नेतृत्व किया । इन्हें 1979 में पद्मभूषण से सम्मानित किया गया।
मंडलोई जी खंडवा नगर पालिका के सदस्य, उपाध्यक्ष, ओर अध्यक्ष भी रहे थे।
31 जनवरी 1956 को शुक्ल जी की मृत्यु के पश्चात यह (9-30 जनवरी 1856) तक कार्यवाहक मुख्यमंत्री रहे।
द्वितीय कार्यकाल (12 मार्च 1962 से 29 सितंबर 1963 ) मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री रहे।
3 नवंबर 1977 को मंडलोई जी का निधन हो गया।

श्री कैलाश नाथ काटजू
कैलाश नाथ काटजू जी का जन्म 17 जून 1887 को मध्यप्रदेश के मालवा स्थित छोटी रियासत जावरा में हुआ था।
काटजू जी प्रथम ओडिशा ओर द्वितीय पश्चिम बंगाल के राज्यपाल भी रहे थे और साथ में केंद्रीय सरकार में चौथे गृह ओर चौथे रक्षा मंत्री के रूप में भी अपना कर्तव्य का निर्वाहन किया।
उनके द्वारा लिखी गई किताबें :- वकालत में प्रयोग-न्यायालयों में एक महानायक, वे दिन जो मुझे याद है, वकालत में यादे और प्रयोग ।
काटजू जी एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड के संस्थापकों में से एक थे। नेशनल हेराल्ड ओर दो अन्य समाचार पत्रों को प्रकाशित करने वाली कंपनी के मेमोरेंडम ऑफ एसोसिएशन के सात मूल ग्राहकों में से एक थे।
काटजू जी की निधन 17 फरवरी 1968 को इलाहाबाद में हुआ था।

श्री द्वारका प्रसाद मिश्र
द्वारका प्रसाद मिश्र जी का जन्म 5 अगस्त 1901 को वर्तमान उत्तरप्रदेश में हुआ था।
मिश्र जी दो बार मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री रहे थे । पहली बार 30 सितंबर 1963 से 8 मार्च 1967 तक ओर दूसरी बार 9 मार्च 1967 से 29 जुलाई 1967 तक मुख्यमंत्री के रूप में कार्य संभाला था।
मिश्र जी की रचना – महाकाव्य, कृष्णयान, एक युग का जीवन: भारत का स्वतंत्रता मार्च, नेहरू युग: लोकतंत्र से एकतंत्र तक, नेहरू के बाद का युग: राजनीतिक संस्मरण, लंका की खोज।
इन्होंने चंद्र भानु गुप्ता (UP के मुख्यमंत्री) के साथ मिलकर इंदिरा गांधी और मोरारजी देसाई के बीच सत्ता बंटवारे को पारित किया था।
द्वारका प्रसाद मिश्र जी का निधन 31 मई 1988 को हुआ था ।

श्री गोविंद नारायण सिंह
गोविन्द नारायण सिंह का जन्म 25 जुलाई 1920 को रामपुर वर्तमान मध्यप्रदेश में हुआ था।
गोविन्द जी 30 जुलाई 1967 से 12 मार्च 1969 तक मध्यप्रदेश के पांचवे मुख्यमंत्री रहे थे। गोविन्द जी बिहार के 12वे राज्यपाल भी रहे थे।
गोविन्द जी के पिता विंध्य प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री श्री अवधेश प्रताप सिंह थे ।I
इन्होंने संयुक्त विधायक दल का गठन किया था।
गोविन्द जी का निधन 10 मई 2005 में हुआ था।

श्री राजा नरेशचंद्र सिंह
नरेशचंद्र जी का जन्म 21 नवंबर 1908 को छत्तीसगढ़ के राजगढ़ जिले के सारंगढ़ के राजपरिवार में हुआ था।
इन्होंने अविभाजित मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में भी काम किया था।
नरेशचंद्र जी पहले आदिवासी ओर छठे मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल 13 मार्च 1969 से 25 मार्च 1969 तक रहा था।
नरेशचंद्र जी भारत की स्वतंत्रता से पहले तक सारंगढ़ रियासत के अंतिम शासक थे।
नरेशचंद्र जी, रविशंकर जी के कार्यकाल में ऊर्जा और आदिवासी मंत्री के रूप में अपने कार्य का निर्वाहन कर चुके हैं।
नरेशचंद्र जी का निधन 11 सितंबर 1987 में हुआ था।

श्री श्यामचरण शुक्ल
शुक्ल जी का जन्म 27 फरवरी 1925 को रायपुर में हुआ था।
शुक्ल जी मध्यप्रदेश के तीन बार मुख्यमंत्री रहे जिसमें इनका कार्यकाल प्रथम – 26 मार्च 1969 से 28 जनवरी 1972 तक, द्वितीय – 23 दिसंबर 1975 से 29 अप्रैल 1977 तक, तृतीय – 9 दिसंबर 1989 से 4 मार्च 1990 तक रहा था।
शुक्ल जी पूर्व मुख्यमंत्री पंडित रवि शंकर शुक्ल के पुत्र हैं l इन्हीं के शासन में मध्यप्रदेश में पहली बार राष्ट्रपति शासन (30 अप्रैल 1977 से 23 जून 1977) लगा था।
शुक्ल जी हिंदी दैनिक समाचार पत्र महाकौशल के संपादक रहे थे। यह लोकसभा सदस्य (महासमुद्र) भी रहे थे।
शुक्ल जी का निधन 14 फरवरी 2007 को रायपुर छत्तीसगढ़ में हुआ था।

श्री प्रकाश चंद्र सेठी
सेठी जी का जन्म 19 अक्टूबर 1919 को झालरापाटन में हुआ था।
सेठी जी मध्यप्रदेश के आठवें मुख्यमंत्री रहे थे। जिनका कार्यकाल (प्रथम – 29 जनवरी 1972 से 22 मार्च 1972 तक ओर द्वितीय – 23 मार्च 1972 से 22 दिसंबर 1975 तक) रहा था।
सेठी जी योजना आयोग के प्रथम अध्यक्ष थे। आपातकाल के समय मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री थे। साथ ही एशियाई विकाश बैंक में भारत के गवर्नर नियुक्त हुए थे।
सेठी जी लोकसभा सदस्य (इंदौर) भी थे। जिसमें इन्होंने केंद्र में गृह, रक्षा, विदेश, वित्त, रेल, आवास एवं विकास ओर पेट्रोलियम और रसायन मंत्री के रूप में अपना योगदान दिया था।
सेठी जी का निधन 21 फरवरी 1996 को इंदौर में हुआ था।

श्री कैलाश चंद्र जोशी
जोशी जी का जन्म 14 जुलाई 1929 हाटपीपल्या देवास में हुआ था।
यह मध्यप्रदेश के नौवे मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल 26 जून 1977 से 17 जनवरी 1978 तक था।
यह नेता प्रतिपक्ष, लोकसभा (भोपाल) ओर राज्यसभा सदस्य भी रहे। यह भारतीय जनसंघ के संस्थापक सदस्य थे।
जोशी जी का निधन 24 नवंबर 2019 को भोपाल में हुआ था।

श्री वीरेंद्र कुमार सखलेचा
सखलेचा जी का जन्म 4 मार्च 1930 को मंदसौर में हुआ था।
यह मध्यप्रदेश के दसवें क्रम के मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल 18 जनवरी 1978 से 19 जनवरी 1980 तक था। यह उपमुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष ओर राज्यसभा सदस्य भी रह चुके है।
इन्होंने अपनी अलग मध्यप्रदेश जनता पार्टी की स्थापना करी थी।
सखलेचा जी का निधन 31 मई 1999 को भोपाल में हुआ था।

श्री सुंदरलाल पटवा
पटवा जी का जन्म 11 नवंबर 1924 को कुकरेश्वर नीमच में हुआ था।
पटवा जी मध्यप्रदेश के ग्यारहवें मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल प्रथम – 20 जनवरी 1980 से 17 फरवरी 1980 तक ओर द्वितीय – 5 मार्च 1990 से 15 दिसंबर 1992 तक दो बार मुख्यमंत्री रहे थे।
यह मध्यप्रदेश में BJP के पहले मुख्यमंत्री थे। इनके समय ही दूसरी ओर तीसरी बार राष्ट्रपति शासन लगा था। राजनीति में इन्हें विधान गौरव की उपाधि दी गई थी।
इन्हें मरणोपरांत 2017 में दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था।यह लोकसभा सदस्य भी रह चुके हैं।
पटवा जी का निधन 28 दिसंबर 2016 को भोपाल में हुआ था।

श्री अर्जुन सिंह
अर्जुन जी का जन्म 5 नवम्बर 1930 को चुरहट सीधी में हुआ था।
यह मध्यप्रदेश के बारहवें क्रम के मुख्यमंत्री थे जिसका कार्यकाल प्रथम – 9 जून 1980 से 12 मार्च 1985 तक द्वितीय 14 फरवरी 1988 से 24 जनवरी 1989 तक दो बार मुख्यमंत्री के रूप में सेवाएं दी थी।
भोपाल गैस त्रासदी, फूलन देवी के आत्म समर्पण के समय मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री थे। यह केंद्र में वाणिज्य और मानव संसाधन मंत्री भी रहे थे।
यह पंजाब के सोलहवें राज्यपाल ओर चंडीगढ़ के तीसरे प्रशासक थे।
अर्जुन सिंह जी का निधन 4 मार्च 2011 को नई दिल्ली AIIMS में हुआ था।

श्री मोतीलाल वोरा
वोरा जी का जन्म 20 दिसंबर 1928 को नागौर राजस्थान में हुआ था।
वोरा जी मध्यप्रदेश के तेरहवें क्रम के मुख्यमंत्री हैं जिसका कार्यकाल प्रथम 13 मार्च 1985 से 13 फरवरी 1988 और द्वितीय 25 जनवरी 1989 से 8 दिसम्बर 1989 तक दो बार शासन था।
वोरा जी केंद्र में स्वास्थ्य ओर नागरिक उड्डयन मंत्री भी रहे थे और छत्तीसगढ़ के दुर्ग में आर्युवेद चिकित्सा महाविद्यालय के संस्थापक थे। यह उत्तरप्रदेश के राज्यपाल भी रह चुके है।
वोरा जी का निधन 21 दिसंबर 2020 को नई दिल्ली में हुआ था।

श्री दिग्विजय सिंह
दिग्विजय जी का जन्म 28 फरवरी 1947 को इंदौर में हुआ था।
दिग्विजय जी मध्यप्रदेश के चौदहवें क्रम के मुख्यमंत्री हैं जिनका कार्यकाल प्रथम 7 दिसंबर 1993 से 1 दिसंबर 1998 तक ओर द्वितीय 1 दिसंबर 1998 से 8 दिसम्बर 2003 तक दो बार मुख्यमंत्री पद पर कार्यरत थे।
छत्तीसगढ़ के विभाजन के समय मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री थे और अर्जुन सिंह के कार्यकाल में मंत्री पद पर आसीन थे। यह लोकसभा ओर वर्तमान में राज्यसभा सदस्य है।

उमा भारती
उमा भारती जी का जन्म 3 मई 1959 टीकमगढ़ मध्यप्रदेश में हुआ था।
उमा भारती जी मध्यप्रदेश की प्रथम महिला ओर क्रम में पंद्रहवें मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार संभाला था। जिनका कार्यकाल 8 दिसम्बर 2003 से 22 अगस्त 2004 तक रहा था। 1994 हुबली दंगा मामले में नाम आने के कारण मुख्यमंत्री पद से त्यागपत्र देना पड़ा।
उमा भारती जी अटल बिहारी ओर नरेंद्र मोदी कार्यकाल में मंत्री पद पर कार्यरत रही थी। यह खजुराहो ओर भोपाल से सांसद रहे थे।

श्री बाबूलाल गौर
गौर जी का पूरा नाम बाबूलाल यादव था जो बाद में बाबूलाल गौर हुआ । गौर जी का जन्म 2 जून 1929 नौगिर गांव, प्रतापगढ़ उत्तरप्रदेश में हुआ था।
मध्यप्रदेश के सोलहवें क्रम के मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल 23 अगस्त 2004 से 29 नवंबर 2005 तक था।
इन्हें लोग बुलडोजर के नाम से जानते थे और गोवा मुक्ति आंदोलन के लिए सत्याग्रह किया था। यह कई मंत्री पदों पर ओर नेता प्रतिपक्ष पर कार्यरत रहे थे।
गौर जी का निधन 21 अगस्त 2019 को भोपाल में हुआ था ।

श्री शिवराज सिंह चौहान
चौहान जी का जन्म 5 मार्च 1959 में जेतगांव बुधनी, सीहोर मध्यप्रदेश में हुआ था। सभी इन्हें “मामा” ओर “पांव – पांव वाले भैय्या” उपनाम से संबोधित करते हैं।
यह एकमात्र मुख्यमंत्री है जिन्होंने चौथी बार मुख्यमंत्री की शपथ ग्रहण की – प्रथम 29 नवंबर 2005 से 12 दिसंबर 2008 तक, द्वितीय 12 दिसंबर 2008 से 12 दिसंबर 2013 तक, तृतीय 14 दिसंबर 2013 से 16 दिसंबर 2018 ओर चौथी 23 मार्च 2020 से 12 दिसंबर 2023 तक थी।
यह वर्तमान में केंद्र में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ओर ग्रामीण विकास मंत्री हैं।इनके द्वारा रचित पुस्तक “बढ़ता मध्यप्रदेश” था ।
इनके द्वारा चलाई गई प्रमुख योजनाएं – लाडली लक्ष्मी योजना, बेटी बचाओ अभियान, संबल योजना आदि थी।

श्री कमलनाथ
कमलनाथ जी का जन्म 18 नवम्बर 1946, कानपुर में हुआ था।
यह मध्यप्रदेश के 18वे क्रम के मुख्यमंत्री थे जिनका कार्यकाल 17 दिसंबर 2018 से 23 मार्च 2020 तक था।
यह विपक्ष के नेता, प्रोटेम स्पीकर, लोकसभा (छिंदवाड़ा से 9 बार सांसद) से केंद्र में मंत्री भी रहे थे।

श्री मोहन यादव
मोहन यादव जी का जन्म 25 मार्च 1965 को उज्जैन में हुआ था।
यह मध्यप्रदेश के 19वे क्रम के मुख्यमंत्री हैं और साथ ही शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में मंत्री पद पर कार्यरत थे।
यादव जी उज्जैन से तीन बार के विधायक हैं।